अयोध्या। विकासखंड अमानीगंज की ग्राम पंचायत धमथुआ पूरे तुलसी गांव में ग्रामीणों की आवाजाही के लिए स्वीकृत इंटरलॉकिंग सड़क का काम दबंगई के चलते अधर में लटका है। विधायक निधि से करीब 14 लाख रुपये की लागत से यह सड़क पास हुई थी। काम शुरू भी हो गया था, लेकिन पिछले एक सप्ताह से गांव के ही पृथ्वी पाल के परिवार द्वारा सड़क का निर्माण नहीं होने दिया जा रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि जिस मार्ग पर इंटरलॉकिंग लगाई जा रही है, वहां पहले से ही खड़ंजा लगा हुआ है। उसी खड़ंजे पर ईंट रखी हुई है और खड़ंजे के बगल में ही खूंटा भी गड़ा हुआ है। यह रास्ता वर्षों पुराना सार्वजनिक रास्ता है, लेकिन विरोध के कारण अब पूरा काम ठप पड़ा है।
रास्ता बंद होने से करीब 35 परिवारों का आना-जाना दूभर हो गया है। ग्रामीणों को पैदल निकलने में भी परेशानी हो रही है, जबकि चार पहिया वाहन तो गांव में घुस ही नहीं पा रहे हैं। बीमार और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा दिक्कत झेलनी पड़ रही है।
इस मामले को लेकर ग्राम प्रधान राजेश यादव के नेतृत्व में ग्रामीणों ने उप जिलाधिकारी मिल्कीपुर को शिकायती प्रार्थना पत्र सौंपा है। पत्र में मांग की गई है कि सरकारी कार्य में बाधा डालने वालों पर कार्रवाई करते हुए मार्ग को जल्द खुलवाया जाए, ताकि लोगों को आवागमन में असुविधा न हो।
ग्रामीण बलराम यादव ने बताया कि रास्ता अवरुद्ध होने से हम सभी ग्रामीणों को भारी परेशानी हो रही है। हम लोग तहसील और थाने के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है।
वहीं इस संबंध में थानाध्यक्ष कुमारगंज सुरेश कुमार पटेल ने बताया कि मामला संज्ञान में है, मौके पर जाकर जांच करके रास्ते को खुलवाया जाएगा और सरकारी काम में बाधा डालने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
