विकसित भारत की कल्पना को बच्चों ने रंगों में उतारा, आयुष प्रथम

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देवरिया। सेवा संकल्प सुशासन अभियान के तहत सोमवार को जनपद स्तरीय चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित हुई। ‘विकसित भारत’ विषय पर विद्यार्थियों ने अपनी कल्पनाशीलता और रचनात्मकता को रंगों के माध्यम से कागज पर उकेरा। प्रतियोगिता में जिले के विभिन्न विकासखंडों से चयनित 90 छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया।
प्रतियोगिता की शुरुआत 21 सितंबर को विद्यालय स्तर से हुई थी। इसके बाद 30 सितंबर को विकासखंड स्तर पर प्रतियोगिता आयोजित की गई। ब्लाक स्तर पर प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले 51 विद्यार्थियों के साथ जिले के 13 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों से चयनित 39 छात्राओं ने जनपद स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लिया।
प्रतियोगिता में उच्च प्राथमिक विद्यालय खिरसर, भलुअनी के कक्षा सात के छात्र आयुष शर्मा ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। संविलियन विद्यालय बनसिया, गौरी बाजार की कक्षा आठ की छात्रा परी गोंड द्वितीय रहीं। वहीं पीएम श्री विद्यालय अवरा चौरी, बैतालपुर की कक्षा आठ की शिवानी और प्राथमिक विद्यालय नकड़ीहा, भलुअनी की अर्पिता प्रजापति ने संयुक्त रूप से तृतीय स्थान प्राप्त किया।
मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष/प्रशासक पंडित गिरीश चंद्र तिवारी ने विद्यार्थियों की कलाकृतियों का अवलोकन कर उनका उत्साहवर्धन किया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
विद्यार्थियों ने अपने चित्रों में स्वच्छ एवं हरित भारत, डिजिटल इंडिया, आत्मनिर्भरता, शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तीकरण, पर्यावरण संरक्षण, विज्ञान एवं तकनीकी विकास, कृषि और जल संरक्षण जैसे विषयों को प्रमुखता से उकेरा। निर्णायक मंडल ने मौलिकता, रचनात्मकता, रंग संयोजन, प्रस्तुतीकरण और विषय की प्रासंगिकता के आधार पर कलाकृतियों का मूल्यांकन किया।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राम जियावन मौर्य ने कहा कि चित्रकला जैसी गतिविधियां बच्चों की कल्पनाशक्ति और अभिव्यक्ति को विकसित करने के साथ उनके सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने प्रतियोगिता में शामिल विद्यार्थियों, शिक्षकों और आयोजन से जुड़े कार्मिकों को बधाई दी।
खंड शिक्षा अधिकारी देवरिया सदर एवं नोडल अधिकारी देव मुनि वर्मा ने कहा कि विद्यालय से ब्लाक और जनपद स्तर तक प्रतियोगिता आयोजित होने से बच्चों में आत्मविश्वास और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है। निर्णायक मंडल का नेतृत्व एआरपी देवरिया सदर वशिष्ठ नारायण चौहान ने किया। इस दौरान संजय कुमार सिंह, संजय कुमार तिवारी, आलोक पांडेय, अभिषेक दीक्षित, स्तुति पांडेय, धर्मेंद्र, सुजाता तिवारी, नीलम सिंह, वंदना सिंह, नसीब अली, मनीष मौर्य, अनिल मणि व जय प्रकाश यादव सहित शिक्षक, एआरपी और संबंधित कार्मिक मौजूद रहे।

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