
रसोई गैस, पेट्रोल-डीजल, दवाओं व निजी मेडिकल कॉलेजों की फीस पर नियंत्रण की मांग।
आजमगढ़। बढ़ती महंगाई से जनता पर पड़ रहे दोहरे आर्थिक बोझ को लेकर पीस पार्टी के जिलाध्यक्ष डा. मो. आसिफ खान के नेतृत्व में राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिलाप्रशासन को सौंपा गयाऔर जनहित में तत्काल प्रभावी कदम उठाए जाने की मांग की गई।
जिलाध्यक्ष डा. मो. आसिफ खान ने कहाकि आवश्यक वस्तुओं एवं सेवाओं की बढ़ती कीमतों से गरीब, किसान, मजदूर, छोटे दुकानदार और मध्यम वर्गीय परिवारों का घरेलू बजट बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। ऐसा लग रहा कि पूंजीपतियों को समर्पित केंद्र व प्रदेश सरकार का नियंत्रण बाजार पर नहीं रह गया। जिसके कारण आमजनता कराह रही है वहीं दूसरी तरफ मोदी सरकार उद्योगपतियों के कर्ज माफी कर देश की आर्थिक व्यवस्था को गर्त में ढकले रही। पीस पार्टी रसोई गैस, प्याज व अन्य खाद्य वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण, पेट्रोल-डीजल के दाम कम करने तथा मोबाइल रिचार्ज एवं इंटरनेट सेवाओं की बढ़ती लागत पर प्रभावी नियंत्रण की मांग करती है।
जिला कोषाध्यक्ष सुफियान अहमद ने कहा कि महंगाई का सबसे अधिक असर उन परिवारों पर पड़ रहा है जिनकी आय सीमित है। सरकार को केवल आंकड़ों तक सीमित रहने के बजाय आम आदमी की रसोई और रोजमर्रा की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए ठोस राहत देनी चाहिए। जनहित में दवाइयों एवं आवश्यक चिकित्सा सेवाओं की बढ़ती लागत पर अंकुश लगाना आवश्यक है तथा निजी मेडिकल कॉलेजों में लगातार बढ़ रही फीस को नियंत्रित कर चिकित्सा शिक्षा को आम और मध्यम वर्ग के छात्रों की पहुंच में रखने की मांग करती है।
वहीं जिला महासचिव मनोज राव ने कहा कि पेट्रोल-डीजल, खाद्य पदार्थ, दवाइयों और शिक्षा की बढ़ती लागत का सीधा असर आम परिवारों पर पड़ रहा है। महंगाई पर प्रभावी नियंत्रण के साथ गरीब, किसान, मजदूर और मध्यम वर्ग को राहत देने के लिए व्यापक नीति बनाना समय की आवश्यकता है।
