सोनीपत। हिंदू धर्म में देवी-देवताओं की मूर्तियों का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व है। श्रद्धालु पूरी आस्था और श्रद्धा के साथ देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना करते हैं, लेकिन समय के साथ जब मूर्तियां खंडित हो जाती हैं तो कई बार लोग उन्हें चौराहों, सड़कों के किनारे या पीपल के पेड़ों के नीचे रख देते हैं। इससे धार्मिक आस्था से जुड़ी इन मूर्तियों का उचित सम्मान और देखभाल नहीं हो पाती। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए नगर निगम सोनीपत द्वारा मेयर राजीव जैन के नेतृत्व में बस स्टैंड के पास खंडित मूर्ति संग्रहण केंद्र शुरू किया गया है।
देवी-देवताओं की मूर्तियां हमारी आस्था और श्रद्धा का प्रतीक हैं। हम सभी अपने घरों और मंदिरों में भगवान की पूजा करते हैं। ऐसे में जब कोई मूर्ति खंडित हो जाती है तो उसे इधर-उधर खुले स्थानों पर रखने की बजाय पूरे सम्मान और धार्मिक मर्यादा के साथ उचित तरीके से विसर्जित किया जाना चाहिए। नगर निगम की इस पहल का उद्देश्य लोगों की धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए खंडित मूर्तियों के लिए एक उचित व्यवस्था उपलब्ध करवाना है। नगर निगम ने अपील की है कि जिन लोगों के घरों में देवी-देवताओं की खंडित मूर्तियां रखी हुई हैं, वे उन्हें इधर-उधर रखने या चौराहों और पेड़ों के नीचे छोड़ने की बजाय बस स्टैंड के पास बनाए गए खंडित मूर्ति संग्रहण केंद्र में जमा करवाएं। इससे शहर में जगह-जगह मूर्तियां रखे जाने की समस्या भी दूर होगी और धार्मिक आस्था से जुड़ी वस्तुओं का सम्मान भी बना रहेगा।
